उलेमा ए देओबन्द की वो गुस्ताखी थी जिसकी वजह से उनपर 33 उलेमा ए हरमैन ने कुफ्र का फतवा दिया
🏁🔴🏁🔴🏁🔴🏁🔴🏁🔴 *🥀 उलेमा ए देओबन्द की वो गुस्ताखी थी जिसकी वजह से उनपर 33 उलेमा ए हरमैन ने कुफ्र का फतवा दिया 🥀* *🗣️ वो कुफ्रिया अक़ीदे जिसकी बिना पर इन चारो उलेमा ए देओबन्द और इनके कुफ्र पर शक करने वालो पर कुफ्र का फतवा दिया गया था नीचे देखेइ :* 👇👇👇👇👇👇👇👇 *1) रशीद अहमद गंगोही ने अपनी फ्तावाए रशिदिया में लिखा के " अल्लाह ताला झूट बोल सकता है* *📚 फतावाए रशिदिया पार्ट 1 पेज 20* (माज़ अल्लाह) *2) अशरफ अली थानवी ने अपनी किताब हिफ्जुल इमान में लिखा के " नबी ए करीम का इल्म ऐसा है जैसा बच्चो पागलो और जानवरों को भी होता है* *📚 हिफ्जुल ईमान सफा 8* ( मआज़ अल्लाह) *3) कासिम नानोत्वी न3 अपनी किताब तःज़िरुन्नस में लिखा के " अगर मोहम्मद सल्लालाहू अलैवासल्लम के बाद भी अगर कोही नबी आ जाये तो खात्मे नबूवत पर कोही फर्क नहीं पड़ेंगा* *📚 तहजिरुन्नास सफा 24* ( मआज़ अल्लाह) *4) खलील अहमद आम्बेथ्वी अपनी किताब बारहिने ए कतीय में लिखा के " नबी सल्लालाहू अलैहि वसल्लम से जयादा इल्म शैतान को है* *📚 बारहिने कातया पेज 51-52* (मआज़ अल्लाह ) *इन गुस्ताखियो की वजह से उलेमा ए हर...